::: Main ik mudat se jisko khojta hooN Wo ik muddat se mere sath hi tha..!! :::
बुधवार, 30 जून 2010
देवदास-पारो
[1]
यादों को
मुट्ठी मे
इस कदर बंद किया
की नाख़ून
हथेली मे चुभते हैं..
[2]
आज से
1 साल 3 महीने 16 दिन पहले
आपकी मिस कॉल थी
आपको क्या लगा
हम सब कुछ
भूल बैठें हैं.
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